Shri Radha-Rani Mahal, Barsana

Barsana Temple

(Shri Radha Rani Mandir) is the first temple of Shrimati Radha Rani `the godess of Love` on the top of Bhanugarh hills. Barsana is her birth place, people call her Ladliji and Shriji therefore also known as Shriji Temple or Laadli Sarkar Mahal. Holi and Radhashtami are the world wide famous festival of Ladli Lal Mandir.

मथुरा से 25 किमी दूर बरसाना गांव स्थित है। बरसाना गांव नाम होने का कारण – श्री वृषभानु महाराज जी, श्री नन्द महाराज जी अत्यंत स्नेह करते थे। श्री नंद महाराज जब गोकुल में निवास कर रहे थे। तब वृषभानु महाराज गोकुल के निकट रावल गाँव में निवास कर रहे थे। श्री नंद महाराज जब श्री कृष्ण की सुरक्षा के लिए गोकुल से यमुना नदी पार कर नंदगाँव में आकर निवास करने लगे थे। यह सुनकर श्री वृषभानु महाराज भी रावल गाँव से आकर नंदगाँव निवास करने लगे थे। श्री वृषभानु महाराज जिस पर्वत पर निवास किया था। उस पर्वत का नाम भानुगढ़ पड़ा एवं इस पर्वत का दूसरा नाम ब्रहागिरि पर्वत भी है। उनके इस गाँव में निवास करने के कारण ही इस गाँव का नाम बरसाना गाँव पड़ा। जिस स्थान पर वृषभानु जी बैठे थे। उस स्थान पर श्री राधा रानी मंदिर स्थित है। इस मंदिर में श्री राधा रानी के विग्रह की नित्य सेवा पूजा होती है। ब्रजधाम में जितने भी मंदिर है। उनमें से श्री राधा रानी का मंदिर सर्वोपरि है। मंदिर में प्रवेश की सीडिया सुन्दर पत्थरों से बनी हुई है। श्री कृष्ण जी ने अपने बचपन में अपने सखाओं के साथ जिस प्रकार सुन्दर खेल नंदगाँव में खेले थे। उसी प्रकार श्री राधा जी भी अपनी प्रिय सखियों के साथ बरसाने में खेल खेली थी। श्री जी मंदिर के सामने एक विशालकाय प्रागण है। यहाँ हर साल होली खेल के कीर्तन, झुलन कीर्तन, मधुमंगल के खेल अनुष्ठान होते रहते है।